अरे इतनी नफरत है उसे मुझसे की मैं मर भी जाऊं,
रूह तक उतारते उतारते जिस्म को खोखला कर गया
तू पास होता तो हम मुस्कुरा देते, अब तो मुस्कान भी तुझसे रूठ गई है।
अब ना कोई शिकवा है, ना कोई मलाल, जिसे जाना था, वो चला गया… बस इतना ही हाल।
हमने तो तुम्हारी यादों को अपनी ज़िन्दगी बना लिया था,
मेरे रोने से किसी को फर्क नहीं पड़ता, काश कोई होता जो कहता, मत रो, मैं हूँ ना!
तू मेरे बिना खुश है तो मैं भी खुश हूँ, बस एक दर्द है कि अब मैं तेरी यादों में कैद हूँ।
पर वो तारा नहीं टूटता ,जिसे देखकर तुम्हें मांग लूँ
जैसे हमारी मोहब्बत का कहानी अभी भी खत्म नहीं हुई…!!!
फिर किताबों से मिटाने की ज़रूरत क्या है.
अब तुम्हारे बिना जीने का तरीका सीखने की कोशिश कर रहे हैं…!!!
कभी नहीं जाना था कि तुमसे इतनी मोहब्बत होगी,
क्या हम ही से दूर होकर वो सही Sad Shayari हो पाए क्या।
हम उस तकदीर के सबसे पसंदीदा खिलौना हैं, …